Question -
Answer -
जब किसी रासायनिक समीकरण में विभिन्न तत्वों के परमाणुओं की संख्या बाईं ओर (L.H.S) तथा दाईं ओर (R.H.S) में बराबर होती है, तो उसे संतुलित रासायनिक समीकरण कहते हैं अर्थात्, अभिकारकों में तत्वों के कुल परमाणुओं की संख्या = उत्पादों में तत्वों के कुल परमाणुओं की संख्या। रासायनिक समीकरण को संतुलित करना इसलिए आवश्यक होता है, क्योंकि किसी भी रासायनिक अभिक्रिया में द्रव्यमान का न तो निर्माण होता है न ही विनाश। अर्थात् उत्पाद तत्वों का कुल द्रव्यमान = अभिकारक तत्वों का कुल द्रव्यमान अतः रासायनिक समीकरण में द्रव्यमान के संरक्षण नियम का पालन होता है।