Question -
Answer -
(i) रचना करनी है : 30° के कोण की। विश्लेषण : 30° =
x 60° रचना :
1. एक किरण OA खींची।
2. किरण OA के अन्त्य बिन्दु O को केन्द्र मानकर कोई त्रिज्या OB लेकर एक चाप लगाया जो GA को B पर काटता है।
3. अब B को केन्द्र मानकर उसी त्रिज्या से एक अन्य चाप खींचा जो पहले चाप को बिन्दु,C पर काटता है। ∠AOC = 60° है।
4. बिन्दुओं B तथा C को केन्द्र मानकर किसी त्रिज्या के दो चाप खींचे जो परस्पर बिन्दु D पर काटते हैं।
5. ∠AOC का अर्धक (समद्विभाजक) OD खींचा। तब ∠AOD= 30° जो कि अभीष्ट कोण है।

(iii) रचना करनी है : 15° के कोण की।
विश्लेषण : 60° के कोण का समद्विभाजक 30° का कोण बनाया। अब 30°C के कोण का समद्विभाजक 15° का कोण बनाया।
अर्थात 15° =
(
) = 
रचना :
- किरण OA के अन्त्य बिन्दु 0 से किरण OA पर ∠AOC = 60° इस अध्याय की रचना-3 में वर्णित विधि से बनाया।
- ∠AOC का समद्विभाजक OD खींचा। ∠AOD = 30° है जिसे इस प्रश्न के भाग (i) में वर्णित विधि से बनाया।
- बिन्दुओं B तथा P को केन्द्र मानकर किसी त्रिज्या के दो चाप खींचे जो परस्पर बिन्दु E पर काटते हैं।
अब ∠AOD का समद्विभाजक OE खींचा। तब ∠AOE = 15° जो कि अभीष्ट कोण है।